देश

160 फीट गहरे बोरवेल में फंसे मासूम मयंक की हुई मौत..

Advertisement

तीन दिनों तक जिंदगी की जंग लड़ रहे 6 साल के मयंक ने आखिर दम तोड़ दिया। रीवा के मनिका गांव में 160 फीट गहरे बोरवेल में गिरने के बाद रेस्क्यू टीम ने उस मासूम को निकालने के लिए कड़ी मशक्कत की और बच्चे तक पहुंचे।

Advertisement

बच्चे को जब बाहर निकाला गया तो डॉक्टर ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। त्यौंथर एसडीएम संजय कुमार जैन ने मयंक की मौत की पुष्टि की। उसका शव त्यौंथर में पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।

Advertisement


बच्चे को बचाने के लिए लगभग 42 घंटे तक सर्च ऑपरेशन चलाया गया। NDRF की टीम को बच्चे का शव लगभग 42 फीट गहरे बोरवेल में मिला। बता दें कि बोरवेल में गिरे मयंक को बचाने के लिए हर संभव प्रयास किए गए थे।

लेकिन, बचाव टीम को पहले दिन बच्चे की लोकेशन नहीं पता चल रही थी। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर रहे। बच्चे तक पहुंचने के प्रयास में रेस्क्यू टीम लगी रही।

बोरवेल की खुदाई के समय जलस्तर बढ़ गया था, जिससे रेस्क्यू टीम को लगातार परेशानी का सामना करना पड़ा। इस बीच पंप की मदद से पानी को बाहर निकाला गया।

हालांकि, कड़ी मेहनत के बावजूद बच्चे की जिंदगी बच नहीं पाई। बता दें कि बच्चे को बचाने के लिए रेस्क्टू टीम के अधिकारी दो रातों से सोए नहीं थे। फिर भी यह प्रयास सफल नहीं हो पाया। कौन-कौन से अधिकारी थे इस ऑपरेशन में?

कलेक्टर प्रतिभा पाल, एसपी विवेक सिंह, जिप सीईओ सौरभ सोनवाड़े, एएसपी अनिल सोनकर, एसडीएम संजीव जैन, एसडीओपी उदित मिश्रा, थाना प्रभारी कन्हैया बघेल, जनपद सीईओ राहुल पाण्डेय।

Advertisement

Related Articles

Leave a Reply

Back to top button