बिलासपुर

प्रशासन लापरवाह, अवैध खनन बेलगाम, मुख्यमंत्री की अति महत्वाकांक्षी योजना में रोड़ा बने माफिया के हौसले बुलंद : महेश दुबे (सदस्य, अरपा विकास प्राधिकरण)

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(शशि कोन्हेर) : बिलासपुर। रेत के अवैध उत्खनन और अरपा नदी के सीने को छलनी करने वाले रेत माफिया की माइनिंग विभाग से मिलीभगत का दुष्परिणाम बिलासपुर को भुगतना पड़ रहा है। यह विभागीय अधिकारियों की मिलीभगत का ही परिणाम है कि अरपा नदी में अवैध उत्खनन का कारोबार धड़ल्ले से जारी है!

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खनिज विभाग की छत्रछाया में अरपा नदी के विभिन्न स्थानों से रात के अंधेरे में ही नहीं बल्कि दिन के उजाले में भी अवैध खनन कर माफियाओं द्वारा मनमानी दर सफेद रेत का काला कारोबार धड़ल्ले से चलाया जा रहा है, स्थानीय समाचार पत्रों इलेक्ट्रॉनिक मीडिया सोशल मीडिया में प्रमुखता से खबरें छपने के बावजूद जवाबदेह लोगों की चुप्पी समझ से परे है!
बिलासपुर स्मार्ट सिटी के तहत अरपा के दोनों किनारे बनाए जा रहे हैं। सड़कों के निर्माण कार्य में लगे कर्मी भी इन अवैध उत्खननधारियों से प्रसन्न है। विगत दिनों लगभग 8 से 10 ट्रैक्टरों में इनके कार्य क्षेत्र से रेत का अवैध उत्खनन किया जा रहा था। रोकने की कोशिश पर खुलेआम गुंडागर्दी करते हुए धमकी-चमकी दी गई। रोक-टोक,करने वाले माफिया के जरखरीद अधिकारियों कर्मचारियों पर अब तक कोई बड़ी कार्रवाई ना होने के और इनके खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज ना होने का परिणाम ही है कि रेत माफिया बेखौफ होकर अरपा का सीना छलनी कर मालामाल हो रहे हैं। वहीं सरकार को भी प्रतिमाह लाखों रुपये राजस्व की क्षति हो रही है। चोरी से लाए जाने के कारण खनन माफिया जरूरतमंदों से मनमाना पैसा भी वसूल कर रहे हैं!!

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प्रशासन को चाहिए कि जरूरतमंद लोगों को सस्ती दरों पर रेत उपलब्ध कराने के कोई ठोस उपाय किए जाने चाहिए। पूर्व में उत्पन्न हुई ऐसी स्थिति पर जिला प्रशासन द्वारा खनिज विभाग के माध्यम से सस्ती दरों पर रेत जरूरतमंद को उपलब्ध कराने की सार्थक पहल की जा चुकी है। वर्तमान परिस्थिति में कुछ ऐसा ही करने की जरूरत है अवैध उत्खनन पर कड़ी कार्रवाई कर माफियाओं के बुलंद हौसले को पस्त करना चाहिए!!

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शहर के बीचो बीच हो रहे उत्खनन को रोकने के लिए की गई सभी प्रकार की कोशिशें नाकाम हो रही हैं। स्मार्ट सिटी के तहत कराया जा रहा दोनों किनारों की सड़कों का कार्य करने वाली कंपनी ने सरकंडा पुराने पुल के नीचे उत्खनन को रोकने हेतु सड़क को जोड़ने वाली रोड को काट दिया गया है। वहीं दूसरी ओर सरस्वती शिशु मंदिर की तरफ रात के समय सड़क के बीचो-बीच बड़ी गाड़ियां खड़ी कर उत्खनन रोकने की कोशिश की जा रही है। वर्तमान में खनन माफिया द्वारा आसपास ग्रामीण क्षेत्रों के साथ-साथ शहर के दोनों बैराजों के आसपास चोरी चोरी चुपके चुपके खनन किया जा रहा है। स्थानीय लोगों द्वारा संबंधित विभाग के अधिकारियों को फोन के माध्यम से खबर भी की जा रही है। पर कोई कार्यवाही नहीं की जा रही सिर्फ टालमटोल हो रहा है कृप्या प्रशासन संज्ञान ले!!

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