बिलासपुर पुलिस के सामुदायिक अभियान ‘चेतना’ ने पूरे किए प्रभावशाली एक वर्ष….

बिलासपुर में पुलिस और समाज के बीच विश्वास और सहयोग की मिसाल पेश की गई। एक साल पहले शुरू हुआ बिलासपुर पुलिस का सामुदायिक अभियान “चेतना” अपने पहले वर्ष में प्रवेश कर चुका है। साथ ही, “आओ संवारे कल अपना” समर कैंप का भी भव्य समापन हुआ।
पुलिस लाइन स्थित पुलिस ग्राउंड में आयोजित इस कार्यक्रम में ज़िला कलेक्टर संजय अग्रवाल और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह सहित कई प्रशासनिक अधिकारी, समाजसेवी संस्थाएं और बड़ी संख्या में नागरिक मौजूद रहे।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह ने बताया कि “चेतना” अभियान के तहत नशा उन्मूलन, साइबर जागरूकता, लैंगिक समानता, महिला सुरक्षा और पर्यावरण जैसे विषयों पर विशेष कार्यशालाएं आयोजित की गईं, जिससे हजारों लोग लाभान्वित हुए।
कलेक्टर संजय अग्रवाल ने शासन और समाज की भागीदारी को बदलाव की कुंजी बताया और चेतना को एक सराहनीय जनजागरण अभियान करार दिया।कार्यक्रम में बच्चों ने गणेश वंदना, नुक्कड़ नाटक, मुरिया नृत्य और आत्मरक्षा डेमो जैसी सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ दीं, जिसने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया।
“चेतना मित्र” सम्मान से उन समाजसेवियों और संस्थाओं को नवाज़ा गया जिन्होंने अभियान में सक्रिय भूमिका निभाई। साथ ही, समर कैम्प में भाग लेने वाले बच्चों और प्रशिक्षकों को प्रमाण पत्र दिए गए।
कार्यक्रम का समापन अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) अर्चना झा के धन्यवाद ज्ञापन से हुआ, जिसमें उन्होंने भविष्य में चेतना जैसे अभियानों को और सशक्त बनाने का आश्वासन दिया।




