तेलंगाना में लागू हुआ अनुसूचित जाति वर्गीकरण, डॉ. आंबेडकर जयंती पर जारी हुआ सरकारी आदेश

तेलंगाना सरकार ने सोमवार को ऐतिहासिक कदम उठाते हुए अनुसूचित जातियों के वर्गीकरण को आधिकारिक रूप से लागू कर दिया है। इस संबंध में एक सरकारी आदेश भी जारी किया गया, और ख़ास बात यह रही कि यह आदेश भारतीय संविधान के निर्माता डॉ. भीमराव आंबेडकर की जयंती के दिन जारी किया गया।
राज्य के सिंचाई मंत्री एन. उत्तम कुमार रेड्डी ने इसकी जानकारी दी। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी को इस आदेश की पहली प्रति आज सुबह सौंपी गई।
इससे पहले, सरकार ने उच्च न्यायालय के सेवानिवृत्त न्यायाधीश न्यायमूर्ति शमीम अख्तर की अध्यक्षता में एक आयोग का गठन किया था, जिसने अनुसूचित जाति वर्गीकरण पर अपनी सिफारिशें दी थीं। आयोग ने सुझाव दिया था कि 59 अनुसूचित जाति समुदायों को सरकारी नौकरियों और शिक्षा में दिए जाने वाले कुल 15 प्रतिशत आरक्षण को तीन समूहों—समूह 1, समूह 2 और समूह 3—में बांटा जाए।
आइए जानते हैं किसे कितना आरक्षण मिलेगा—
समूह-1: 15 सामाजिक, आर्थिक और शैक्षणिक रूप से सबसे पिछड़े समुदायों को 1 प्रतिशत आरक्षण।
समूह-2: 18 मध्यम रूप से लाभान्वित समुदायों को 9 प्रतिशत आरक्षण।
समूह-3: 26 अपेक्षाकृत अधिक लाभान्वित समुदायों को 5 प्रतिशत आरक्षण।
सरकार का कहना है कि इस वर्गीकरण का उद्देश्य आरक्षण प्रणाली को अधिक न्यायसंगत और प्रभावी बनाना है, ताकि सबसे ज़्यादा ज़रूरतमंद वर्गों तक इसका लाभ पहुंच सके।




