ED की अफवाहों पर अजय चंद्राकर का तीखा हमला, कहा : युद्ध आमने-सामने होता है

रायपुर। राजधानी रायपुर में पत्रकारों से चर्चा करते हुए कुरूद के भाजपा विधायक और पूर्व मंत्री अजय चंद्राकर ने अपने चिर-परिचित बेबाक अंदाज में कई मुद्दों पर खुलकर बात की। प्रवर्तन निदेशालय (ED) की कार्रवाई को लेकर फैलाई जा रही अफवाहों पर नाराजगी जताते हुए उन्होंने विरोधियों पर सीधा हमला बोला।
अजय चंद्राकर ने कहा कि उनके खिलाफ जानबूझकर भ्रम फैलाया जा रहा है और माहौल खराब करने की कोशिश हो रही है। उन्होंने दो टूक शब्दों में कहा— “युद्ध आमने-सामने होता है, देखते हैं कौन पहले गोली चलाता है। पीठ पीछे या कमर के नीचे वार राजनीति नहीं कहलाती।”
भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष के चयन पर प्रतिक्रिया देते हुए चंद्राकर ने कहा कि नितिन नबीन की टीम में छत्तीसगढ़ के नेताओं को लाभ मिलेगा, क्योंकि वे प्रदेश की राजनीतिक क्षमता और परिस्थितियों से भली-भांति परिचित हैं। इससे छत्तीसगढ़ के नेताओं को राष्ट्रीय स्तर पर मजबूती मिलेगी।
डीएड-बीएड अभ्यर्थियों के प्रदर्शन पर उन्होंने कहा कि यह पहली बार देखा जा रहा है कि ऐसे अभ्यर्थी नौकरी के लिए सड़कों पर उतर आए हैं। सरकार अपनी नीति के अनुसार विज्ञापन निकालती है और योग्य उम्मीदवारों को उसी आधार पर आगे बढ़ना चाहिए।
‘जी राम जी’ को लेकर कांग्रेस की आपत्ति पर पलटवार करते हुए चंद्राकर ने कहा कि कांग्रेस अगर बहस करना चाहती है तो बिंदुवार चर्चा करे। फालतू आरोपों का जवाब देना जरूरी नहीं है। उन्होंने सवाल उठाया कि कांग्रेस द्वारा बनाए गए कानूनों में सुधार क्यों नहीं हो सकता।
मनरेगा का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि विधेयक में स्पष्ट प्रावधान था कि राज्य अपने नाम जोड़ सकते हैं। उस समय ‘छत्तीसगढ़ रोजगार गारंटी योजना’ लिखे जाने पर कांग्रेस ने विरोध किया और बाद में महात्मा गांधी का नाम जोड़ा गया। चंद्राकर ने आरोप लगाया कि कांग्रेस को छत्तीसगढ़ से ही नफरत है।
महिला कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव गुंजन सिंह के बयान पर कटाक्ष करते हुए उन्होंने कहा कि कांग्रेस राजनीतिक रूप से जिंदा रहने के लिए ऐसे बयान दे रही है। तंज कसते हुए बोले— “गुंजन सिंह बेमौसम बरसात की तरह आईं, कुछ भी बोलकर चली गईं।”
राज्य के बजट पर प्रतिक्रिया देते हुए अजय चंद्राकर ने कहा कि छत्तीसगढ़ का बजट लगातार बढ़ रहा है और राज्य दो लाख करोड़ रुपये के आंकड़े की ओर अग्रसर है। उन्होंने भरोसा जताया कि बजट जनभावनाओं के अनुरूप होगा और छत्तीसगढ़ तेजी से विकास की राह पर आगे बढ़ रहा है।




