राठौर क्षत्रिय समाज का भव्य समारोह, नवनिर्वाचित पदाधिकारियों ने ली शपथ, संगठन को सशक्त बनाने पर जोर

(भूपेंद्र सिंह राठौर) : कोरबा – राठौर क्षत्रिय समाज का भव्य समारोह अतिथियों की उपस्थिति में आयोजित हुआ, जिसमें नवनिर्वाचित पदाधिकारियों ने शपथ ली और समाज को संगठित और सशक्त बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए। यह आयोजन सिर्फ सम्मान तक सीमित नहीं रहा, बल्कि युवाओं को सामाजिक जिम्मेदारी और संगठन के प्रति सक्रिय भागीदारी की दिशा में प्रेरित करने वाला रहा।
राठौर क्षत्रिय समाज भवन में आयोजित इस भव्य समारोह की शुरुआत राष्ट्रवीर दुर्गादास राठौर के छायाचित्र पर पुष्पांजलि अर्पित करके की गई। इसके बाद छत्तीसगढ़ प्रांतीय राठौर क्षत्रिय सभा के नवनिर्वाचित पदाधिकारियों को समाज सेवा, संगठन की मजबूती और एकता बनाए रखने की शपथ दिलाई गई।
कार्यक्रम में उद्योग मंत्री लखनलाल देवांगन, सांसद ज्योत्सना चरणदास महंत, पूर्व मंत्री जयसिंह अग्रवाल और महापौर संजू देवी राजपूत उपस्थित रहे। उद्योग मंत्री ने सर्वमंगला मंदिर चौक पर राष्ट्रवीर दुर्गादास राठौर की भव्य प्रतिमा स्थापित करने की घोषणा की, जिसे समाजजनों ने तालियों और जयकारों के साथ स्वागत किया। मंत्री ने समाज भवन और सामुदायिक भवन निर्माण के लिए स्वीकृत राशि की जानकारी भी दी।
बिलासपुर जिला राठौर क्षत्रिय समाज ने युवक-युवती परिचय सम्मेलन के लिए विशेष ग्रुप बनाया गया है। इसके माध्यम से युवा समाजजन अपने आपसी परिचय और नेटवर्क के जरिए सामाजिक गतिविधियों और जनकल्याण पहल में सक्रिय योगदान देंगे। समाज के अध्यक्ष पवन राठौर ने कहा आज का यह भव्य समारोह हमारे समाज की एकजुटता और सामूहिक प्रयासों का प्रतीक है। हम सिर्फ अपने अधिकार और पद नहीं देख रहे, बल्कि समाज के युवाओं को जोड़कर उन्हें सामाजिक जिम्मेदारी और सेवा की दिशा में प्रेरित करना हमारा मुख्य लक्ष्य है। आने वाले समय में युवक-युवती परिचय सम्मेलन और अन्य पहलें इसी उद्देश्य को और मजबूत करेंगी।
कार्यक्रम में अध्यक्ष पवन राठौर, महामंत्री राजेंद्र राठौर, कोषाध्यक्ष ओकार राठौर, कार्यकारी अध्यक्ष नरेंद्र राठौर और समाज अध्यक्ष संतोष राठौर, रामकुमार राठौर, पूर्व सैनिक परस राम राठौर, मनीष राठौर को बधाई और शुभकामनाएं दी गईं। बिलासपुर, कोरबा और जांजगीर-चांपा सहित पूरे संभाग से समाजजन पहुंचे, जिन्होंने समाज की एकजुटता और संगठन की मजबूती का संदेश दिया। समारोह के अंत में आयोजकों ने सभी अतिथियों और समाजजनों का आभार व्यक्त किया। इस आयोजन ने यह स्पष्ट किया कि समान सोच, संगठन और सामाजिक जिम्मेदारी ही समाज के उज्ज्वल भविष्य की कुंजी है।




