18 लाख के ईनामी समेत 12 माओवादी नक्सलियों ने हथियार डाले, समाज की मुख्यधारा से जुड़ने का लिया संकल्प

नारायणपुर – माड़ बचाओ अभियान के तहत सुरक्षा बलों के लगातार दबाव और पुलिस कैंपों की बढ़ती मौजूदगी का असर दिखा है। आज नारायणपुर जिले में 12 माओवादी नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया। इनमें 2 एरिया कमेटी सदस्य और कई महत्वपूर्ण पदों पर रहे कैडर शामिल हैं। इन सभी पर कुल 18 लाख रुपये का इनाम घोषित था।
आत्मसमर्पण करने वालों में एरिया कमेटी सदस्य, सीएनएम अध्यक्ष, पीपीसीएम, जनताना सरकार अध्यक्ष, मिलिट्री प्लाटून पीपीसीएम, मिलिशिया कमांडर और जनताना सरकार सदस्य जैसे पदों पर रहे नक्सली शामिल हैं। आत्मसमर्पित नक्सलियों को सरकार की पुनर्वास नीति के तहत 50-50 हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि प्रदान की गई और बेहतर जीवन जीने का आश्वासन दिया गया।
आत्मसमर्पित माओवादियों ने पुलिस के सामने स्वीकार किया कि शीर्ष माओवादी लीडर ही आदिवासियों के असली दुश्मन हैं। वे जल, जंगल और जमीन के नाम पर आदिवासियों को गुमराह कर गुलाम बनाते हैं। महिला नक्सलियों का संगठन में शारीरिक और मानसिक शोषण होता है, जिससे उनका जीवन नर्क जैसा बन जाता है।आत्मसमर्पण कार्यक्रम के दौरान आईटीबीपी और जिला पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
एसपी नारायणपुर रोबिनसन गुरिया ने कहा कि—अबूझमाड़ के लोगों को नक्सली विचारधारा से बाहर निकालकर समाज की मुख्यधारा से जोड़ना ही हमारा लक्ष्य है। वहीं आईजी सुंदरराज पी. ने कहा कि 2025 में माओवादी संगठन को भारी नुकसान हुआ है और अब उनके पास हिंसा छोड़ने के अलावा कोई विकल्प नहीं बचा है।




