डिप्टी सीसीएम कौशिक मित्रा पर ड्यूटी पास के दुरुपयोग का आरोप, रेलवे विजिलेंस की जांच पूरी….

(भूपेंद्र सिंह राठौर) : बिलासपुर – दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के डिप्टी सीसीएम कौशिक मित्रा पर यौन उत्पीड़न मामले के बाद अब उन पर एक और गंभीर आरोप ड्यूटी पास के दुरुपयोग का मामला सामने आया है। आरोप है कि अधिकारी ने तीन महीनों में 20 से 25 बार ड्यूटी पास का इस्तेमाल घर जाने जैसी निजी यात्रा के लिए किया। मामला सामने आते ही रेलवे विजिलेंस ने इसकी जांच शुरू कर दी है और अब कार्रवाई की पूरी तैयारी है।
डिप्टी सीसीएम कौशिक मित्रा के खिलाफ यह नया मामला मई से जुलाई के बीच सामने आया, जब उन्होंने कथित रूप से ड्यूटी पास का निजी उपयोग किया। विजिलेंस टीम ने पास जारी होने के दस्तावेज, यात्रा रिकार्ड और उपयोग की पूरी सूची की सूक्ष्म जांच की है। कई यात्राएं ऐसी मिलीं जिनमें कोई ड्यूटी असाइनमेंट दर्ज नहीं था।रेलवे नियमों के अनुसार ड्यूटी पास केवल आधिकारिक यात्रा के लिए होता है, जबकि निजी यात्रा के लिए सुविधा पास जारी किए जाते हैं।
ड्यूटी पास का निजी उपयोग रेलवे में गंभीर अनुशासनहीनता और बर्खास्तगी योग्य अपराध माना जाता है।सूत्रों के अनुसार विजिलेंस ने अपनी प्रारंभिक जांच पूरी कर ली है और रिपोर्ट तैयार कर ली गई है।
अब गेंद रेलवे प्रशासन के पाले में है—रिपोर्ट आते ही डिप्टी सीसीएम के खिलाफ कड़ी विभागीय कार्रवाई की उम्मीद जताई जा रही है। इस बीच यह भी जांच का विषय है कि क्या पास के जारी होने से लेकर उसके उपयोग तक किसी और स्तर पर मिलीभगत या लापरवाही तो नहीं हुई। प्रशासन की सख्त कार्रवाई से यह तय होगा कि रेलवे अपने अधिकारियों की इस प्रकार की अनियमितताओं को कितना गंभीरता से लेता है।
अभी सभी की नजरें विजिलेंस रिपोर्ट पर टिकी हैं, जिससे यह साफ हो जाएगा कि रेलवे अधिकारी कौशिक मित्रा के खिलाफ कौन-सी बड़ी कार्रवाई तय होती है।सरकारी संसाधनों के दुरुपयोग का यह मामला रेलवे की कार्यप्रणाली और अनुशासन पर बड़ा सवाल खड़ा करता है।




