बिलासपुर को मिला पहला निजी बीएएमएस कॉलेज, चौकसे आयुर्वेद कॉलेज को मिली एनसीआईएसएम की मान्यता

बिलासपुर – छत्तीसगढ़ का शिक्षा हब कहलाने वाला बिलासपुर अब आयुर्वेद शिक्षा के क्षेत्र में भी एक नई पहचान बनाने जा रहा है। चौकसे ग्रुप ऑफ कॉलेज के अंतर्गत स्थापित चौकसे कॉलेज ऑफ आयुर्वेद रिसर्च सेंटर एंड हॉस्पिटल को राष्ट्रीय आयुर्वेद आयोग (एनसीआईएसएम), नई दिल्ली से मान्यता प्राप्त हो गई है।
यह उपलब्धि बिलासपुर के लिए गौरव की बात है क्योंकि अब जिले को अपना पहला और एकमात्र निजी बीएएमएस कॉलेज मिल गया है। कॉलेज प्रबंधन ने जानकारी दी है कि इस वर्ष होने वाली काउंसलिंग में नीट 2025 के आधार पर प्रवेश प्रक्रिया संपन्न होगी।
कॉलेज में विद्यार्थियों को न केवल गुणवत्तापूर्ण आयुर्वेद शिक्षा मिलेगी, बल्कि आधुनिक सुविधाओं और रिसर्च आधारित प्रशिक्षण का भी लाभ मिलेगा। यह कदम क्षेत्र के युवाओं के लिए उच्च शिक्षा और बेहतर करियर के नए द्वार खोलेगा।
गौरतलब है कि चौकसे ग्रुप ऑफ कॉलेजेस ने पहले भी शिक्षा के क्षेत्र में अपनी विशेष पहचान बनाई है। इस वर्ष चौकसे इंजीनियरिंग कॉलेज में बिलासपुर संभाग में सर्वाधिक प्रवेश हुए हैं। वहीं, बीकॉम, लॉ, बीबीए, बीसीए और पीजीडीसीए जैसे सभी डिग्री पाठ्यक्रमों की सीटें भी पूरी तरह भर चुकी हैं, जो विद्यार्थियों के बीच चौकसे ग्रुप की बढ़ती लोकप्रियता और विश्वास को दर्शाता है।
चौकसे ग्रुप ऑफ कॉलेजेस के प्रबंध निदेशक डॉ. आशीष जायसवाल ने कहा : “हमारा संकल्प विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और बेहतर अवसर उपलब्ध कराना है। बिलासपुर में पहला निजी बीएएमएस कॉलेज खुलना न केवल विद्यार्थियों बल्कि पूरे क्षेत्र के लिए ऐतिहासिक उपलब्धि है। हमें विश्वास है कि यह कॉलेज आयुर्वेद शिक्षा व स्वास्थ्य सेवाओं में नई पहचान स्थापित करेगा।”




