नक्सल प्रभावित उरसांगल में नया सुरक्षा कैम्प स्थापित, विकास और सुरक्षा को मिली नई मजबूती

छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित सुकमा जिले से बड़ी खबर सामने आई है। जिले के सुदूर और संवेदनशील क्षेत्र ग्राम उरसांगल में सुरक्षा बलों के लिए एक नया सुरक्षा कैम्प स्थापित किया गया है। इस कैम्प की स्थापना से न सिर्फ क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत होगी, बल्कि ग्रामीणों को विकास और जनकल्याणकारी योजनाओं का सीधा लाभ भी मिल सकेगा।
सुकमा पुलिस प्रशासन द्वारा छत्तीसगढ़ शासन की महत्वाकांक्षी नियद नेल्ला नार योजना के तहत ग्राम उरसांगल में नवीन सुरक्षा कैम्प की स्थापना की गई है। कैम्प स्थापना के अवसर पर सिविक एक्शन प्रोग्राम का आयोजन किया गया, जिसमें ग्रामीणों को साड़ियां और कपड़े वितरित किए गए।
इस दौरान पोदला उरस्कना यानी “एक पेड़ शहीद की मां के नाम” अभियान के तहत वृक्षारोपण भी किया गया। कार्यक्रम में सीआरपीएफ और जिला पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।नए सुरक्षा कैम्प के स्थापित होने से क्षेत्र में नक्सल विरोधी अभियानों को गति मिलेगी। साथ ही आसपास के गांवों में सड़क, पुल-पुलिया, बिजली, पानी, स्वास्थ्य सुविधा, पीडीएस दुकानें, शिक्षा और मोबाइल कनेक्टिविटी जैसी मूलभूत सुविधाओं के विस्तार का रास्ता खुलेगा।
आंकड़ों पर नजर डालें तो वर्ष 2024 से अब तक सुकमा जिले में कुल 23 नए सुरक्षा कैम्प स्थापित किए जा चुके हैं। इसके सकारात्मक परिणाम भी सामने आए हैं—जहां 599 नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया है, वहीं विभिन्न अभियानों में 71 नक्सली मारे गए और 460 माओवादियों को गिरफ्तार किया गया है।
कुल मिलाकर, उरसांगल में नया सुरक्षा कैम्प नक्सल उन्मूलन की दिशा में एक बड़ी रणनीतिक सफलता मानी जा रही है। इससे क्षेत्र में शांति, सुरक्षा और विकास की नई उम्मीद जगी है, और ग्रामीणों में भी खासा उत्साह देखने को मिल रहा है।




