नौसेना के नए पोतों का नाम होगा छत्तीसगढ़ की नदियों पर, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने मुख्यमंत्री के सुझाव को दी सहमति

रायपुर – अब भारतीय नौसेना के कुछ नए पोतों का नाम छत्तीसगढ़ की नदियों के नाम पर रखा जा सकता है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के सुझाव पर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने इस पर सहमति जताई है। साथ ही प्रदेश में सेना भर्ती रैली के आयोजन का भी रास्ता खुल गया है।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने नई दिल्ली में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह से मुलाकात की। मुलाकात में बिलासपुर एयरपोर्ट विस्तार, रक्षा क्षेत्र के विकास, सेना भर्ती रैली और नौसैनिक पोतों के नामकरण जैसे अहम मुद्दों पर चर्चा हुई।
बैठक में केंद्रीय राज्यमंत्री तोखन साहू और मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव सुबोध कुमार सिंह भी मौजूद थे। मुख्यमंत्री ने बताया कि छत्तीसगढ़ के युवाओं में सेना में भर्ती होने का उत्साह बेहद अधिक है। उन्होंने आग्रह किया कि पूरे प्रदेश में विशेष सेना भर्ती रैलियां आयोजित की जाएं, ताकि युवाओं को अपने ही राज्य में भर्ती का मौका मिले।
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने इस पर सहमति जताते हुए कहा कि केंद्र सरकार देश के हर कोने से योग्य युवाओं को सेना में जोड़ने के लिए प्रतिबद्ध है।मुख्यमंत्री साय ने सुझाव दिया कि भारतीय नौसेना के नए पोतों का नाम छत्तीसगढ़ की नदियों और सांस्कृतिक स्थलों पर रखा जाए — जैसे INS इंद्रावती, INS महानदी, या INS बस्तर।
रक्षा मंत्री ने इसे “भारत की विविधता और एकता का प्रतीक” बताते हुए विचार को सराहा और इसे भविष्य में लागू करने का आश्वासन दिया। यानी आने वाले वक्त में जब समुद्र में नौसेना के नए जहाज लहराएंगे, तो उनमें छत्तीसगढ़ की नदियों का नाम भी गूंज सकता है। साथ ही प्रदेश में सेना भर्ती रैली की तैयारी भी अब तेज़ होने वाली है।




