पूर्व विधानसभा अध्यक्ष की मौत मामले मे उठी जाँच की मांग,अपोलो प्रबंधन पर अपराध दर्ज करने कांग्रेस पार्टी ने दिया आवेदन

(दिलीप जगवानी ) : बिलासपुर : मध्य प्रदेश में इलाज के दौरान 5 से अधिक मरीजों की मौत हो जाती है इसके लिए निजी अस्पताल पर फर्जी डॉक्टर को अपॉइंट करने का आरोप इस फर्जी डॉक्टर नरेंद्र विक्रमादित्य यादव का पर्दाफाश होने के बाद उनके बिलासपुर अपोलो प्रबंधन से जुड़े तार खंगाले जाएंगे।
कांग्रेस भवन में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस कर ग्रामीण जिला अध्यक्ष विजय केशरवानी ने 2006 में अपोलो अस्पताल में भर्ती तत्कालीन कोटा विधायक पंडित राजेंद्र प्रसाद शुक्ल की इलाज में लापरवाही से हुई मौत के लिए अपोलो प्रबंधन को जिम्मेदार ठहराया है। उन्होंने मामले की नए सिरे से जांच करने और फर्जी डॉक्टर की डिग्री इंडियन मेडिकल एसोसिएशन से संबद्धता समेत अहम दस्तावेजों की मांग अपोलो प्रबंधन से की है।
कांफ्रेंस में बताया कि पूर्व विधानसभा अध्यक्ष स्वर्गीय राजेंद्र प्रसाद शुक्ला की इलाज में लापरवाही से हुई मौत गंभीर साजिश की ओर इशारा करता है अपोलो प्रबंधन ने अगर डॉक्टर के विरुद्ध तत्काल कार्यवाही की होती तो अब हुई म्यूट को रोका जा सकता था जिला कांग्रेस कमेटी ने फर्जी डॉक्टर नरेंद्र विक्रमादित्य यादव अपोलो हॉस्पिटल के अध्यक्ष डॉक्टर प्रताप सिंह रेड्डी डॉक्टर त्रिखा रेड्डी एग्जीक्यूटिव चेयरमैन रीजनल हेड डॉक्टर मनीष मट्टू और यूनाइटेड डॉ अरनव राहा के विरुद्ध हत्या का केस दर्ज करने सरकंडा थाने को आवेदन दिया है।
इसके साथ ही प्रेस कॉन्फ्रेंस में कांग्रेस ने राज्य सरकार से पूर्व विधानसभा अध्यक्ष की मौत के कर्म की जांच करने और दोषियों के विरुद्ध कार्यवाही करने की मांग की है




