पुलिस की सख्ती और जागरूकता का असर, सड़क दुर्घटनाओं में मौतों का आंकड़ा घटा

जशपुर पुलिस के अथक प्रयासों और सख्त ट्रैफिक कार्रवाई का सकारात्मक असर अब साफ नजर आने लगा है। वर्ष 2025 में जिले में सड़क दुर्घटनाओं में मृत्यु की संख्या में कमी दर्ज की गई है। यातायात नियमों के प्रति जागरूकता अभियान और नियम तोड़ने वालों पर कड़ी वैधानिक कार्रवाई के चलते यह सफलता मिली है।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह के नेतृत्व में जशपुर पुलिस ने वर्ष 2025 में ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन पर रिकॉर्ड स्तर पर कार्रवाई की। नशे में वाहन चलाने के मामलों में वर्ष 2024 के 12 प्रकरणों की तुलना में 2025 में 326 प्रकरण दर्ज किए गए, जिनसे 31 लाख 75 हजार रुपये का जुर्माना वसूला गया।
वहीं बिना सीट बेल्ट के 941 मामलों में 4 लाख 74 हजार रुपये और बिना हेलमेट के 1644 मामलों में 7 लाख 58 हजार 800 रुपये का जुर्माना लगाया गया। ओवर स्पीड, ओवरलोड, नो पार्किंग सहित अन्य यातायात नियमों के उल्लंघन पर कुल 20,150 प्रकरणों में कार्रवाई करते हुए 77 लाख 86 हजार 900 रुपये का जुर्माना वसूला गया।सड़क दुर्घटनाओं के आंकड़ों पर नजर डालें तो वर्ष 2023 में 256 और 2024 में 341 मौतें हुई थीं। बढ़ते आंकड़ों को चुनौती के रूप में लेते हुए जशपुर पुलिस ने 2025 में इसे घटाकर 310 तक लाने में सफलता पाई है। हालांकि पुलिस मानती है कि यह संख्या अभी भी चिंताजनक है और आगे इसे और कम करने के प्रयास जारी रहेंगे।
जशपुर पुलिस सड़क सुरक्षा के लिए ‘थ्री ई’ मॉडल पर काम कर रही है – इंजीनियरिंग, एजुकेशन और इंफोर्समेंट। दुर्घटनाजन्य क्षेत्रों में सड़क सुधार, स्कूल-कॉलेज और बाजारों में जागरूकता कार्यक्रम, और नियम तोड़ने वालों पर सख्त कार्रवाई इसके प्रमुख स्तंभ हैं।वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह ने आम जनता से अपील की है कि हेलमेट और सीट बेल्ट का उपयोग करें, ओवर स्पीड और नशे में वाहन न चलाएं। उन्होंने कहा कि आपका जीवन अमूल्य है, यातायात नियमों का पालन कर स्वयं और दूसरों की सुरक्षा सुनिश्चित करें।




