युक्तियुक्तकरण : 1000 शिक्षकों का बदला स्कूल, 431 स्कूल समायोजित

(दिलीप जगवानी/राजा खान) : बिलासपुर – जिले मे युक्तियुक्तकरण करने मैराथन काउंसलिंग मे करीब एक हजार शिक्षकों को नये स्कूलों मे पद स्थापना दी गई. इसके साथ 431 स्कूलों का नजदीकी शालाओं मे समायोजन किया. शासन के आदेश पर किये इस उपाय से अब जिले मे कोई शिक्षक विहीन या एकल शिक्षक वाला स्कूल नही रहा.
बिलासपुर जिले मे युक्तियुक्तकरण के लिए अतिशेष शिक्षकों को उनके नये स्कुल मे पदस्थापना दी गई. उन्हें एक दिन पहले ही काउंसलिंग के लिए बुलावा भेजा था. पूरी प्रक्रिया 24 घंटे मे पूरी कर दी गई. राज्य सरकार के स्कुल शिक्षा विभाग के निर्देश पर जिले मे करीब एक हजार अतिशेष सहायक शिक्षकों, प्रधान पाठकों और व्याख़्याताओ कि सूची का जिला स्तरीय टीम ने परीक्षण किया. जिसके बाद दो स्थानों पर बुधवार को काउंसिलिंग कि गई. लखीराम ऑडिटोरियम और देवकीनंदन दीक्षित सभागृह मे उपस्थित शिक्षकों को स्कुल चुनने अवसर दिया. यहाँ प्रोजेक्टर पर खाली स्थानों वाले ब्लाकवार स्कुल प्रदर्शित किये गए. सबसे पहले महिला शिक्षक व्याख्याता और प्रधान पाठक को मौका दिया गया.
जिले के शिक्षा अधिकारी डॉ अनिल तिवारी ने बताया युक्तियुक्तकरण का उद्देश्य बच्चों को सामान रूप से शिक्षा देने शिक्षक विहीन और एकल शिक्षक के भरोसे चलाये जा रहे स्कूलों मे कमी पूरा करना है. शासन से मिले दिशा निर्देशों के अनुसार पारदर्शी प्रक्रिया अपनायी गई है. संयुक्त संचालक आरपी आदित्य और जिला शिक्षा अधिकारी ने दोनों स्थानों मे चल रहे काउंसलिंग प्रक्रिया पर नजर रखी. जिला पंचायत सीईओ संदीप अग्रवाल लखिराम ऑडिटोरियम मे काउंसलिंग टीम मे शामिल रहे. समग्र शिक्षा विभाग के अधिकारी समेत पूरा अमला बुधवार देर शाम तक डटा रहा. शिक्षकों को नवीन पदस्थापना जारी कर तुरंत उपस्थिति देने निर्देश दिए गए। एक दिन पहले ही नियम विरुद्ध अतिशेष करार देने का विरोध किया था. बताया जा रहा है कुछ शिक्षक युक्ति युक्त करण कि प्रक्रिया मे गड़बड़ी का आरोप लगाकर न्यायालय कि शरण चले गए है.




