
दुर्ग जिले के ग्रामीण क्षेत्र समोदा गांव में अवैध अफीम की खेती का चौंकाने वाला मामला सामने आया है। जानकारी मिलते ही प्रशासन और पुलिस में हड़कंप मच गया। सूचना के बाद दुर्ग कलेक्टर और वरिष्ठ पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे, वहीं फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी यानी एफएसएल की टीम को भी जांच के लिए बुलाया गया।
खेत में पहुंचते ही अधिकारियों ने देखा कि अफीम के पौधों पर चीरे लगे हुए हैं, जिससे मादक पदार्थ निकाले जाने के स्पष्ट संकेत मिले। एफएसएल की प्राथमिक जांच में भी पौधों में मार्फिन कंपाउंड की पुष्टि हुई, जो हेरोइन जैसे नशीले पदार्थ बनाने में इस्तेमाल होता है।
बताया जा रहा है कि शिवनाथ नदी के किनारे सुनसान इलाके में पहले मक्के की फसल लगाई गई और उसी के बीच छिपाकर अफीम के पौधे उगाए गए थे, ताकि किसी को शक न हो।फिलहाल पुलिस ड्रोन से पूरे इलाके का सर्वे कर रही है और अफीम की फसल को जब्त करने की कार्रवाई जारी है।




