डबल मर्डर मामले में न्यायालय बड़ा फैसला: पत्नी और सास की हत्या के दोषी को आजीवन कारावास

जशपुर जिले के बहुचर्चित डबल मर्डर मामले में न्यायालय ने बड़ा फैसला सुनाया है। नए कानून के तहत विशेष न्यायाधीश, अनुसूचित जाति एवं जनजाति अत्याचार निवारण न्यायालय, जशपुर ने आरोपी खीरसागर यादव को आजीवन कारावास एवं अर्थदंड से दंडित किया है। यह मामला नवंबर 2024 में कोतबा चौकी अंतर्गत ग्राम खजरीढाप का है, जहां आरोपी ने शराब के नशे में विवाद के दौरान अपनी पत्नी और सास की निर्मम हत्या कर दी थी।
प्रकरण के अनुसार 18 नवंबर 2024 की शाम आरोपी खीरसागर यादव अपनी पत्नी रोशनी बाई के साथ शराब के नशे में झगड़ा कर रहा था। विवाद इतना बढ़ गया कि आरोपी ने पहले लकड़ी के डंडे से पत्नी पर हमला किया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। बीच-बचाव करने आई सास जगरमनी बाई पर भी आरोपी ने डंडे से कई वार किए, जिससे उनकी भी घटनास्थल पर ही मृत्यु हो गई। घटना के बाद आरोपी फरार हो गया था, जिसे जशपुर पुलिस ने 24 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया था।
मामले में सुनवाई पूरी होने के बाद 2 फरवरी 2026 को न्यायालय ने अभियोजन साक्ष्यों के आधार पर आरोपी को भारतीय न्याय संहिता की धारा 103(1) के तहत दो बार दोषी मानते हुए आजीवन कारावास एवं अर्थदंड की सजा सुनाई। इस प्रकरण में लोक अभियोजक अजीत रजक एवं विवेचना SDOP पत्थलगांव डॉ. धुर्वेश कुमार जायसवाल द्वारा की गई। जशपुर पुलिस ने इस फैसले को न्याय की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया है।




