मिशन क्लीन सिटी के तहत सफाई कर्मियों के लिए राहत भरी सौगात
साप्ताहिक अवकाश, 8 घंटे की कार्यावधि, सवैतनिक आकस्मिक अवकाश सहित स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ

रायपुर : नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग ने मिशन क्लीन सिटी के तहत कार्यरत स्वच्छता दीदियों और सफाई मित्रों के लिए राहत भरी सौगात दी है। राज्य सरकार ने 8 घंटे की कार्यावधि निर्धारित करने के साथ ही रोटेशन आधारित साप्ताहिक अवकाश और हर महीने एक दिन का सवैतनिक आकस्मिक अवकाश प्रदान करने के निर्देश जारी किए हैं।
इसके अलावा, सभी सफाई कर्मियों का श्रम विभाग में पंजीयन अनिवार्य कर दिया गया है, जिससे वे सरकारी योजनाओं और बीमा लाभों का फायदा उठा सकें।
सरकार ने सफाई कर्मियों के मासिक स्वास्थ्य परीक्षण को अनिवार्य कर दिया है। प्रत्येक तीन महीने में ब्लड टेस्ट, थायरॉइड टेस्ट, एलडीएच टेस्ट, टोटल कोलेस्ट्रॉल टेस्ट सहित कई जांचें की जाएंगी।
इसके साथ ही, सुरक्षा सामग्री निःशुल्क उपलब्ध कराई जाएगी, जिसमें वर्दी, एप्रन, दस्ताने, मोजे, मास्क, जूते, टोपी और रेनकोट शामिल हैं।
राज्य सरकार ने सभी नगरीय निकायों को निर्देश दिया है कि वे इन नियमों का सख्ती से पालन करें और नियमित निरीक्षण कर इसकी रिपोर्ट सौंपें।
सफाई कर्मियों से केवल डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण और निपटान का कार्य लिया जाएगा।
स्ट्रीट स्वीपिंग, नाली सफाई या अन्य कार्य करवाने पर प्रतिबंध लगाया गया है।
कार्य व्यवस्था और सुविधा सुधार
कार्य रोस्टर इस प्रकार तैयार होगा कि प्रत्येक सदस्य को रोटेशन आधार पर साप्ताहिक अवकाश मिले।
मासिक सवैतनिक आकस्मिक अवकाश का रिकॉर्ड संधारित किया जाएगा।
उत्कृष्ट कार्य करने वाले कर्मियों को विशेष पुरस्कार या बोनस राशि भी दी जाएगी।
सामग्री संधारण और वित्तीय प्रावधान
एसएलआरएम सेंटर्स (मणिकंचन केंद्र) के मरम्मत एवं संधारण की जिम्मेदारी नगरीय निकाय की होगी।
आवश्यक मरम्मत कार्य के लिए यूजर चार्ज फंड से वार्षिक अधिकतम ₹1 लाख तक खर्च किया जा सकता है।
सरकार के इस फैसले से सफाई कर्मियों की कार्य स्थितियों में बड़ा सुधार होगा और उनके स्वास्थ्य एवं सामाजिक सुरक्षा को मजबूत किया जाएगा।




